यह दुनिया बेकाबू क्यों होती जा रही है?

शास्त्र में लिखा है, ‘इंसान को यह अधिकार नहीं कि वह अपने कदमों को राह दिखाए।’​—यिर्मयाह 10:23.

इस पत्रिका में बताया गया है कि बहुत-से लोग क्यों मानते हैं कि दुनिया के हालात अच्छे हो जाएँगे।